Breaking News

Saturday, February 20, 2021

भीम आर्मी चीफ चंद्रशेखर आज़ाद का जीवन परिचय / Chandrashekhar Azad Biography in Hindi

भीम आर्मी चीफ चंद्रशेखर आज़ाद का जीवन परिचय / Chandrashekhar Azad Biography in Hindi 


हमारी खबरों को फटाफट पढ़ने के लिए Google News पर हमें Follow करे


हल ही में दुनिया की सबसे प्रतिष्ठित मैगजीन "टाइम मैगजीन" (Time magazine) ने '2021 टाइम 100 नेक्स्ट' दुनिया के 100  उभरते हुए नेताओं की सूची जारी की है। जिसमे भारत के पांच लोगो को शामिल किया गया था जिनमे से एक भीम आर्मी (Bhim Army) के चीफ  चंद्रशेखर आज़ाद (Chandrashekhar Azad) को भी शामिल किया गया था। 


"टाइम मैगजीन" में नाम आने के बाद से पुरे भारत में चंद्रशेखर आज़ाद की चर्चा हो रही है। तो चलिए आप को दलितों के उभरते हुए नेता के बारे में पूरी जानकारी देते है। आप को बताये तो चंद्रशेखर आज़ाद ने अपनी एक पार्टी की भी स्थापना की है जिसका नाम आजाद समाज पार्टी (ASP) है। 


चंद्रशेखर आज़ाद का परिचय / Introduction to Chandrashekhar Azad 


आप को बताये तो चंद्रशेखर आज़ाद का जन्म भारत के राज्य उत्तरप्रदेश के सहारनपुर में चटमलपुर के पास गांव घडकौली में हुआ था। इनके पिता का नाम गोवर्धन दास (Govardhan Das)  और माता का नाम कमलेश देवी (Kamlesh Devi) है। चंद्रशेखर के पिताजी पेशे से सरकारी स्कूल में प्रिसिंपल थे। आज़ाद के परिवार में दो भाई और दो बहनें भी है। आप को बताये तो चंद्रशेखर आज़ाद अभी अविवाहित हैं। चंद्रशेखर ने देहरादून से लॉ की पढ़ाई की। 


सुर्खियों में कैसे आये आजाद ?


शायद ही चंद्रशेखर आजाद को 2015 से पहले कोई जनता था। वो 2015 में तब विवादों में आये जब चंद्रशेखर ने अपने मूल स्थान पर एक बोर्ड लगवाया था। उस बोर्ड पर लिखा था कि  'धडकाली वेलकम यू द ग्रेट चमार्स'। इस बोर्ड के कारण गांव के ठाकुर और दलित समाज के बीच में तनाव बढ़ गया। आज भी यह बोर्ड उनके गांव में लगा हुआ है। 


कैसे बने चंद्रशेखर दलित एक्टिविस्ट ? /How Chandrashekhar became a Dalit activist? 


एक जानकारी के अनुसार चंद्रशेखर के मन में उस दिन सबसे पहले दलित एक्टिविस्ट बनने का ख्याल आया जब उनके पिता की तबियत खराब थी और उनके पिता के इलाज के दौरान उन्होंने अस्पताल में दलितों हो रहे उत्पीड़न की खबर पड़ी थी। बस यह बात आजाद के मन में बस गई। और उसी दिन से उन्होंने दलितों के लिए आवाज बनने का फैसला किया। इस प्रकार चंद्रशेखर दलित एक्टिविस्ट बने। 


भीम आर्मी है क्या? / What is Bhim Army?


आज देश के अधिकतर राज्य में भीम आर्मी का नाम है। आप को बताये तो भीम आर्मी एक बहुजन संगठन है जिसे 'भारत एकता मिशन' के नाम से भी जाना जाता है। माना जाता है कि भीम आर्मी दलित चिंतक सतीश कुमार के दिमाग की उपज मानते है। जिसे वर्ष 2014 में  चंद्रशेखर आजाद 'रावण' और उनके साथ ही विनय रतन आर्य ने बहुजन समाज के हितो के किए स्थापित किया था। चंद्रशेखर ने लोगो को  भीम आर्मी से सबसे पहले सोशल मिडिया के जरिये जोड़ा। 






बहुजन समाज की सबसे तेज खबरें पाने के लिए आप हमारे फेसबुक पेज 

को लाईक करें, Twitter पर फॉलो भी करे और यूट्यूब चैनल को 

सब्सक्राइब करें।

No comments:

Post a Comment